क्रमाॅंक:- 124, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- रिश्तों का महत्व समझना होगा
रिश्तों का महत्व समझना होगा
बेटा मिलता भाग्य से,
बेटी मिलती सौभाग्य से।
दो कुलों को स्वर्ग बनाती,
कभी न मिलती दुर्भाग्य से।१।
मायके में मिले बेटी का दर्जा,
ससुराल में रानी लक्ष्मी बाई दर्जा।
दो कुलों की उतार देती,
वो जीवन भर का कर्जा।२।
बहु को बेटी का दर्जा देना होगा,
सास को माॅं का दर्जा देना होगा।
देवर,ननद को भी समझना होगा,
भाभी को बहन जैसा प्यार देना होगा।३।
पत्नी,पति को भगवान मानती,
पति को भी देवी मानना होगा।
ससुराल में ये सब समझ जाए,
बहु पर अत्याचार खत्म हो जायेगा।४।
परमानंद निषाद"प्रिय"
ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-कसडोल,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
8435298085
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com
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