क्रमाॅंक:- 245, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- धरती की पुकार
धरती कहे पुकार के; साफ रखो ऎ लोग।
नहीं सफाई होय से; आगे आता रोग।।1।।
ईश्वर धन अनमोल है; करते जहाँ निवास।
धरती उसका नाम है; जिस पर करते आस।।2।।
धरती पे संकट बढ़ा; करो न खाद्य प्रयोग।।
इसमें जहर भरा हुआ; बंद करो उपयोग।।3।।
धरा बचाना है हमें,पौधे पेड़ लगाव।
समझो अब इंसान तुम; धरती सभी बचाव।।4।।
है निषाद अब बोलता; मत काटो अब यार।
हरे-भरे श्रृंगार है; कर सदैव तुम प्यार।।5।।
परमानंद निषाद'प्रिय'
ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-कसडोल,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.
0 Response to "क्रमाॅंक:- 245, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- धरती की पुकार "
एक टिप्पणी भेजें