क्रमाॅंक:- 489, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- धधक रहा मणिपुर
हो रहे दुष्कर्मों को रोकना न आया।
कौन अपना,कौन पराया पहचानना न आया।।
नारी के इज्जत कोई बचाने न आया।
हुए दुष्कर्म का विरोध करने न आया।।
मानव नारी जीवन को संवारने न आया।
मानव को नारी का साथ निभाना न आया।।
नारी चीर हरण बचाने कृष्ण न आया।
नारी की रक्षा करना सरकार को न आया।।
सारे हैवानों को सजा देना न आया।
आरोपियों को फाँसी देना न आया।।
मणिपुर के घटना को बताना न आया।
आरोपी पर महिला को वार करना न आया।।
मानवता हुई शर्मसार मान बचाना न आया।
दुष्कर्म सूची अव्वल को कम करना न आया।।
परमानंद निषाद'प्रिय'
ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-सोनाखान,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com
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