क्रमाॅंक:- 428, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- जुनून की आग
काम करना जुनून से; सहकर तपती धूप।
तन से आलस त्याग दो; भर ना उसमें कूप।।1।।
मन से जीवन साज के; मेहनत कर हजार।
सफल मेहनत से हमें; खुशियाँ मिले अपार।।2।।
मैं भूखा हूँं पेट से; मुझको करना दान।
सदा मेहनत से मिला; मुझको रुपया खान।।3।।
आदत सभी सुधार लो; जीवन के अनुरूप।
सभी गलत व्यवहार से; खिलेगें नहीं फूल।।4।।
मन में आग जुनुन की; भडक उठा है आज।
हम मेहनत करें सदा; खुद पर करना नाज।।5।।
मंजिल पाना है मुझे; रोकना नहीं पाँव।
मिले सफलता काम से; तभी मिलेगा छाँव।।6।
मानव सदा जुनून से; हरपल करता काम।
सुखमय जीवन साज के; रोशन करना नाम।।7।।
उपवन खिलता फूल से; सुंदर दिखता देश।
हिंद देश के लोग का; अद्भुत रहता वेश।।8।।
सीना भरे जुनून से; मंजिल दिखता पास।
मानव इस संसार में; खोना कहीं न आस।।9।।
प्रिय सदा करते रहो; कठिन परिश्रम आज।
तन-मन जगे जुनून से; हमको करना काज।।10।।
परमानंद निषाद'प्रिय'
ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-सोनाखान,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com
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