क्रमाॅंक:- 515, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- चमकता सितारा

क्रमाॅंक:- 515, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- चमकता सितारा

आकाशगंगा मे चमक रहे सभी सितारे हैं।
रात को चमकते  कितने  प्यारे सितारे हैं।।

घनघोर  बादल  में  दिखे  कई  सितारे  हैं।
रात्रि अंधकार दूर करे वो सुंदर सितारे है।।

नेक कर्म के राह में चमकते सभी सितारे है।
आसमान  से  टूटकर  गिरे  हुए  सितारे  है।।

गोपियों के मन में बसे वो कान्हा प्यारे हैं।
सुंदर श्रीकृष्ण यशोदा के राज दुलारे है।।

परियों  के  आँगन में  चमकते  सितारे  है।
इस सारे संसार को रोशनी देते सितारे है।।

तेरी यादों को लेकर आया वो सभी सितारे है।
समय  रखना  ध्यान  में  टूट  रहे  सितारे  है।।

हमारे सुंदर नयन में मोती के दो सितारे है।
जीवन में प्रेम का चमकते हुआ सितारे है।।

            परमानंद निषाद'प्रिय'
       ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-सोनाखान,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com

0 Response to "क्रमाॅंक:- 515, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- चमकता सितारा "

एक टिप्पणी भेजें

Ads on article

Advertise in articles 1

advertising articles 2

Advertise under the article