क्रमाॅंक:- 103, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- कागज के फूल
कागज के फूल
गुलाबी रंग के फूल खिले,
सुंदर दिखाई पड़ते है।
हरे पत्तों और फूलों से,
न कोई खुशबू निकलती है।1।
टहनी पर उगे पत्तों व फूलों भी,
बहुत आवाजें करती है।
कागज के फूल मौन धारण किये।
फिर भी सबको सुनाई पड़ती है।2।
कुदरत के करिश्मा से,
मन को सुकून मिलता है
रूठी हुई जिंदगी को,
नई जान मिल जाती है।3।
परमानंद निषाद"प्रिय"
ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-कसडोल,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
8435298085
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com
0 Response to "क्रमाॅंक:- 103, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- कागज के फूल"
एक टिप्पणी भेजें