क्रमाॅंक:- 344, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- पायल की झंकार

क्रमाॅंक:- 344, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- पायल की झंकार

पायल की झंकार से; मन में उठता प्यार।
पायल को रोको नहीं; बजने देना यार।1।

निषाद लगते जान से, सुंदर मेरे यार।
प्रेम सदा रसपान से, होता नैया पार।2।

निषाद सुन हर्षित हुआ; पायल की झंकार।
सदा प्रेम की भाव से; करता केंवट प्यार।3।

पायल बाजे छमछमा; मन में रचता रास।
प्रिय प्रेम करते सदा; मन में जगता आस।4।

 ढ़ाई  अक्षर  प्रेम  के; सुंदर  है  पहचान।
प्यार प्रिये का देखके; जगत हुआ हैरान।5।

प्रियतम सुंदर पैर में; पायल पहने रोज।
छमछम की झंकार से; सुंदर प्रेमल खोज।6।

            परमानंद निषाद'प्रिय'
       ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-कसडोल,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com

0 Response to "क्रमाॅंक:- 344, कसडोल, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- पायल की झंकार "

एक टिप्पणी भेजें

Ads on article

Advertise in articles 1

advertising articles 2

Advertise under the article