क्रमाॅंक:- 606, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार,छत्तीसगढ़ से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- उन्नत भारत संकल्प

क्रमाॅंक:- 606, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार,छत्तीसगढ़ से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- उन्नत भारत संकल्प

               उन्नत भारत संकल्प

देश-हित का मंत्र है, मोदी की यह बात।
बदलें अपनी आदतें, उज्ज्वल होगा प्रात।।1।।

मेट्रो जन-सुविधा चुनें, तजें निजी सब कार।
ईंधन की बचतें करें, खुश हो देश अपार।।2।।

कार-पूलिंग साथ हो, करें गर्व से गान।
रेल मार्ग से माल ढो, बढ़ा देश की शान।।3।।

 घर से ही सब काम हो, बैठक हो आभास।
ई-वाहन को धारिए, समय बचे अति खास।।4।।

तजें विदेशी लाड़ली छोड़ें पर-आवास।
भारत-पर्यटन ही करे, देश-स्वर्ण विकास।।5।।

 गैर-जरूरी स्वर्ण को, दो कुछ समय टाल।
लोकल-इंडिया मंत्र से, देश बने खुशहाल।।6।।

खाद्य तेल का कम करें, मिलकर सब उपयोग।
काया भी कंचन बने, पास न आए रोग।।7।।

केमिकल वाली खाद जो, डले खेत के बीच।
मिट्टी ज़हरीली करे, जीवन देवे खींच।।8।।

सहज खेती कीजिए, मिट्टी का हो मान।
आत्मनिर्भर देश में, दें अपना योगदान।।9।।

सौर पंप का साथ ले, सींचें खेत किसान।
प्रकृति से जुड़कर मिले, सबको ही कल्याण।।10।।

                     परमानंद निषाद 'प्रिय'

0 Response to "क्रमाॅंक:- 606, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार,छत्तीसगढ़ से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष रचना- उन्नत भारत संकल्प"

एक टिप्पणी भेजें

Ads on article

Advertise in articles 1

advertising articles 2

Advertise under the article