क्रमाॅंक:- 460, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- कर्तव्य पथ

मात-पिता के नाम को, कभी न करना काग।  सारे जग को फूल से, खुशबू देता बाग।।1।। मानव प्रेमिल भाव से, मन को रखना तृप्त।  कर्तव्य पथ क...

क्रमाॅंक:- 459, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- विस्मृत चेहरे

हिंद देश आजाद से, सूरज चमका भोर। मानव मन के आस से, मचा हिंद में शोर।।1।। आजादी के वीर को, भूल गए है लोग। मानव जीवन साज के, करता ...

क्रमाॅंक:- 458, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- स्कूल चलें हम

आओ स्कूल चलें हम; खुल गया स्कूल आज। पढ़ना-लिखना है हमें; सुंदर करना काज।।1।। सुंदर जीवन साज के; नव जीवन संवार। माँ शारद वरदान से;...

क्रमाॅंक:- 457, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- बरखा रानी आ गई

बरखा के बौछार ने; लाया शुभ सौगात। आई है कादंबिनी; करने को बरसात।।1।। गाँव-गाँव के खेत में; भरा हुआ है नीर। लेकर आई साथ में; तूफा...

क्रमाॅंक:- 456, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- प्रिय पूनम की प्रेम कहानी

प्रिय प्रेम के सागर हो; पूनम तेरी दीवानी है। मन की बातें सुनकर; दिल की लिखी कहानी है।। जब से मिला तेरा प्यार; जीवन में जगी आस है...

क्रमाॅंक:- 455, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- पारिवारिक संबंधों का महत्व

प्रेम  भरे  संबंध  से; चलता  है  संसार। महक उठे संबंध से; जिनका है आधार।।1।। मन के प्रेमिल भाव से; मिलता है आनंद। जग में रिश्ता ...

क्रमाॅंक:- 454, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- पानी दूध से लाभ-हानि

पानी पीओ बैठकर; परिक्रमण  रुक जाय। अंग फेफड़े साथ में; मानव दिल दुख पाय।।1।। सावधानी से पीना है; मानव बातें मान। पेट नीचे दीवार ...

क्रमाॅंक:- 453, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- सफलता की कुंजी

अंतर्मन की बात सुन; मन में रखना भाव। प्रेम भाव को साज कर; सुंदर रखो स्वभाव।।1।। मन से ईष्या त्याग कर; करना है शुभ काम। मानव सुखम...

क्रमाॅंक:- 452, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- देख परिस्थिति काम करें

कठिन राह के चाल में; खुद को रखते धीर। प्रिय निषाद संसार में; वो ही सच्चा वीर।।1।। खुद के मन में आस है; मिले सफलता राह। कर गणेश क...

क्रमाॅंक:- 451, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- ख्वाबों में गुफ्तगू

करके मुझसे गुफ्तगू; मन में रहे उल्लास। मेरे ख्वाबों की रानी; रहना तू बिंदास।।1।। सुनकर तेरी बोल को; मन में जगे उमंग। मेरे मन की ...

क्रमाॅंक:- 450, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- जगन्नाथ रथयात्रा

सुंदर रथ यात्रा सजा; देखो रथ त्योहार। शुक्ल पक्ष आषाढ़ में; सजा हुआ बाजार।।1।। थामों मेरे हाथ को; भगवान जगन्नाथ। खो न जाऊँ भीड़ ...

क्रमाॅंक:- 449, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- गरीब घटे, गरीबी नही

गरीब मानव लड़ रहा; भ्रष्टाचार से रोज।  सूरज तपती धूप में; गरीब ढोता बोझ।।1।। मन में मानव लिए हुए; अमीर बनने की आस। नित करते काम ...

क्रमाॅंक:- 448, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- पिता का प्यार

पापा गुरुवर आप हो; पापा देता प्यार। मेरे तुम भगवान हो; करते सदा दुलार।।1।। सारे ही संसार में; लाखों में है एक। देकर तरुवर छाँव स...

क्रमाॅंक:- 447, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- कवि हूँ कविता का

कागज कलम दवात से; कविता लिखता रोज। तेज कलम की धार से; कवि कहलाते ओज।।1।। अंर्तमन के भाव से; लिखने की है आस। सुंदर लेखन साज के; स...

क्रमाॅंक:- 446, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- प्रिय की कोशिश नाकाम,?

लेखन में उस्ताद था; लिखना चाहा छंद। कोशिश के नाकाम से; चलता बुद्धि मंद।।1।। दोहा रोला सोरठा; सुंदर लिखना एक। मन के अच्छे भाव से;...

क्रमाॅंक:- 445, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- प्रेम के सरताज

सुंदर मन के भाव से; दिल में उठे हिलोर। सुनकर प्रिय कविराज के; होता भाव विभोर।।1।। मन के प्रेमिल भाव से; मेरा है सरताज। भगवन के व...

क्रमाॅंक:- 444, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- योग से जीवन निरोग

मानव करना योग तू; रोज  सुबह अरु शाम। अद्भुत इसका काम है; औषधि इनका नाम।।1।‌। मन तो रहता शांत है; अरु करना व्यायाम। इसके तो व्यवह...

क्रमाॅंक:- 443, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- कश्मीर धरती का स्वर्ग

सफेद चादर से ढका; कश्मीर हिंद की शान। सुंदर बड़ा कश्मीर है; भारत की पहचान।।1।। सुंदर कश्मीर वादि को; पाकहि जाना भूल। भारत वासी ब...

क्रमाॅंक:- 442, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना-उठो पार्थ

धर्म युद्ध के राह में; करो नहीं प्रतिकार। अर्जुन गीता सार से; करो सदा उपकार।।1।। अर्जुन कुंती पूत है; धनुष धारी महान। सुंदर पार्...

क्रमाॅंक:- 441, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- मेरे जीवनसाथी

जीवन साथी हाथ को, चले थामकर आज।  इस सारे संसार में, है पत्नी पर नाज।।1।। सुंदर इस संसार में, रिश्ता यह अनमोल। हरपल रहना साथ में,...

क्रमाॅंक:- 440, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- दीपक की लौ शांत

रात के अंधकार में; जलता दीपक शांत। बात नहीं अज्ञान का; भूल नहीं सिद्धांत।।1।। जलता दीपक द्वार में; रोशन करे प्रकाश। दीपशिखा के आ...

क्रमाॅंक:- 438, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- जिंदगी एक रंगमंच

रंग-मंच है जिंदगी; करतब करते लोग। मिलते जुलते साथ में; सुंदर है संयोग।।1।। जगह-जगह में कर रहे; मानव सभी प्रपंच। जनता से सरकार है...

क्रमाॅंक:- 439, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- जीने की राह

तन में जब तक प्राण है; जीने की है चाह। कोमल शरीर साज के; मानव चलता राह।।1। सुंदर जीवन साज के; मन में रखना प्राण। जीवन तो अनमोल ह...

क्रमाॅंक:- 437, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष छंद मुक्त रचना- बिजली विभाग की मनमानी

बिजली अधिकारी काट रहे; मनमर्जी के लाईट। जनता सभी परेशान है; इस फील्ड को करो वाईट।। बारिश और तूफान नहीं; मौसम है पूरा क्लीन। फिर ...

क्रमाॅंक:- 436, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- एक बाल मजदूर की व्यथा

सूरज  तपती  धूप  में; बाल  हुआ  बेहोश। वंचित है वह नीर से; उसे न आया होश।।1।। एक  बाल  मजदूर  तो; बोल  रहा  है  आज। बाल व्यथित ह...

क्रमाॅंक:- 435, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- हमारी विरासत

इस सारे संसार में; मिला हमें पहचान। सुंदर इसका रूप है; भारत बड़ा महान।।1।। हमें विरासत में मिला; पवित्र पावन धाम। गंगा, यमुना सा...

क्रमाॅंक:- 434, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- कण-कण में बसे श्रीराम

परम तत्व संसार में; परमपिता का नाम। लें मानव शुभ नाम को; करते अपना काम।।1।। राम नाम जपते रहो; रोज सबेरे-शाम। उदित हुआ जग में सदा...

क्रमाॅंक:- 433, सोनाखान, जिला-बलौदा बाजार (छत्तीसगढ़) से कवि परमानंद निषाद"प्रिय" की विशेष दोहा छंद रचना- सात सुरों के सरगम

सुर सरगम को तान के; छेड़ मधुर झंकार। वीणा लेके हाथ में; बजते सरगम सार।।1। मात शारदे तू सदा; सुर सरगम दे साज। गीतों की झंकार से; ...